सिर पर तिलक, गले में माला…राजस्थान में CID डॉग मैरी का भी हुआ ट्रांसफर

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सिर पर तिलक, गले में माला…राजस्थान में CID डॉग मैरी का भी हुआ ट्रांसफर
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सिर पर तिलक, गले में माला…राजस्थान में CID डॉग मैरी का भी हुआ ट्रांसफर

राजस्‍थान में इन दिनों तबादलों का दौर चल रहा है। पुलिस विभाग में भी ट्रांसफर हो रहे हैं। प्रदेश में आईपीएस  और आईएएस  के तबादलों के बाद अब जिला स्तर पर पुलिसकर्मियों के तबादले हो रहे हैं। वहीं उदयपुर  की बात करें तो एक दिन पहले ही जिले के कई थानों में थानाधिकारी से लेकर हेड कांस्टेबल तक बदले गए। इस बीच महकमे में एक अनूठा ट्रांसफर देखने को मिला है। यहां पर सीआईडी के डॉग को शानदार विदाई दी गई है।

यहां सीआईडी विभाग में तैनात स्निपर फीमेल डॉग मैरी का उदयपुर से ट्रांसफर कर दिया गया। बाकायदा इसके लिए ट्रांसफर का आदेश निकाला गया और अब मैरी को भरतपुर में अपनी सेवाएं देनी होंगी। पुलिस के अनुसार, फीमेल डॉग मैरी पिछले 8 साल से वह उदयपुर में ही तैनात थी। मैरी के साथ उसके हैंडलर राहुल सिंह को भी भरतपुर सीआईडी जोन में भेजा गया है। दोनों गुरुवार की शाम छह बजे मेवाड़ एक्सप्रेस से भरतपुर के लिए रवाना हुए। दोनों को फूल मालाएं पहनाई गई और फिर ट्रेन से भरतपुर के लिए रवाना कर दिया।

दरअसल, पिछले चार दिन में उदयपुर में 550 से ज्यादा पुलिसकर्मियों के तबादले हो चुके हैं। इस बीच फीमेल डॉग मैरी का भी तबादला किया गया है। बाकायदा इसके लिए ट्रांसफर का आदेश निकाला गया।

आठ साल बाद भरतपुर में हुआ तबादला
डॉग स्क्वायड टीम से एक मैसेज जारी किया गया। इस मैसेज के जरिए बताया कि श्वान मैरी का जन्म एक जनवरी 2016 को हुआ था। मैरी द केनल क्लब ऑफ इंडियन द्वारा पंजीकृत श्वान है। मैरी  नस्ल की डॉग है और मेरी बहुत प्रतिभाशाली है। इसने प्रशिक्षण केन्द्र पंचकुला हरियाणा आईटीबीपी से प्रशिक्षण प्राप्त कर बैच-2016 में एक्सप्लोसिव श्रेणी में प्रथम स्थान प्राप्त किया है।

मैरी की प्रथम पोस्टिंग उदयपुर में ही हुई थी। अब आठ साल बाद मेरी का पहली बार भरतपुर जोन में ट्रांसफर हुआ है। अब हम सब की यही कामना है कि मेरी स्वस्थ रहते हुए अपनी ड्युटियों को बेहतर ढ़ंग अंजाम देती रहे। अब उदयपुर डॉग स्क्वॉड में तीन डॉग है, जिसमें से दो एक्सप्लोसिव और एक क्राइम के हैं।

विदाई पर मायूस हुई मैरी
मैरी के साथ साढ़े छह साल तक समय बिताने वाले हैंडलर मोहम्मद बिलाल बताते हैं कि विदाई के समय मैरी मायूस थी। मैरी को जैसे ही ड्यूटी करने के बाद भूख लगती, तो वो मुझे पकड़ने लगती और पूंछ हिलाने लगती थी। अब वह भरतपुर जा रही है, तो बुरा लग रहा है, लेकिन वह भी एक सच्चे सिपाही की तरह अपनी ड्यूटी कर रही है।


   
   
   

Tilak on the head, garland around the neck…CID dog Mary also transferred in Rajasthan

There is a phase of transfers going on in Rajasthan these days. Transfers are also taking place in the police department. After the transfers of IPS and IAS in the state, now transfers of policemen are taking place at the district level. If we talk about Udaipur, a day before, there were changes in many police stations of the district, from Police Officer to Head Constable. Meanwhile, a unique transfer has been seen in the department. Here the CID dog has been given a grand farewell.

Sniper female dog Mary, posted in the CID department here, was transferred from Udaipur. Due to this, transfer order was issued and now Mary will have to serve in Bharatpur. According to the police, the female dog Mary was posted in Udaipur for the last 8 years. Along with Mary, her handler Rahul Singh has also been sent to Bharatpur CID zone. Both of them left for Bharatpur by Mewar Express at 6 pm on Thursday evening. Both were garlanded with flowers and then sent to Bharatpur by train.

In fact, more than 550 policemen have been transferred in Udaipur in the last four days. Meanwhile, the female dog Mary has also been transferred. Due to this, transfer order was issued.

Transferred to Bharatpur after eight years
A message was issued from the dog squad team. It was told through this message that the dog Mary was born on January 1, 2016. Mary is a dog registered with The Kennel Club of Indian. Mary is a purebred dog and is very talented. He received training from the training center Panchkula, Haryana ITBP and got the first position in the explosive category in batch-2016.

Mary's first posting was in Udaipur only. Now after eight years, Mary has been transferred to Bharatpur zone for the first time. Now it is the wish of all of us that I remain healthy and continue to perform my duties in a better manner. Now there are three dogs in Udaipur Dog Squad, out of which two are for explosives and one for crime.

Mary felt sad at the farewell
Handler Mohammad Bilal, who spent time with Mary for six and a half years, says that Mary was sad at the time of farewell. As soon as Mary felt hungry after her duty, she would start holding me and wagging her tail. Now she is going to Bharatpur, so she is feeling bad, but she is also doing her duty like a true soldier.

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