बीकानेर में एमडीएमए की तस्करी का पर्दाफाश, जेएनवीसी थाना पुलिस ने महिला को किया गिरफ्तार
बीकानेर एमडीएमए तस्करी मामला सामने आने के बाद शहर में नशे के खिलाफ चल रहे अभियान को बड़ी सफलता मिली है। बीकानेर के जेएनवीसी थाना पुलिस ने अवैध मादक पदार्थ बेचती एक महिला को रंगे हाथों गिरफ्तार किया है। पुलिस ने आरोपी महिला के कब्जे से एमडीएमए (एमडी) की बड़ी खेप, नकद राशि और तस्करी में उपयोग किया जाने वाला उपकरण जब्त किया है।
थानाधिकारी विक्रम तिवाड़ी ने बताया कि पुलिस को मुखबिर से सूचना मिली थी कि तिलकनगर क्षेत्र में एक महिला अवैध मादक पदार्थ एमडीएमए की खरीद-फरोख्त कर रही है। सूचना को गंभीरता से लेते हुए पुलिस टीम का तत्काल गठन किया गया और बताए गए स्थान पर दबिश दी गई।
पुलिस टीम ने मौके पर पहुंचकर संदिग्ध महिला को घेराबंदी कर पकड़ा। पूछताछ में महिला की पहचान निरमा विश्नोई के रूप में हुई। तलाशी के दौरान उसके कब्जे से 11 ग्राम एमडीएमए, अवैध मादक पदार्थ बिक्री से प्राप्त 1 लाख 51 हजार 700 रुपये नकद तथा एक इलेक्ट्रॉनिक कांटा बरामद किया गया। बरामद सामग्री से यह स्पष्ट होता है कि आरोपी लंबे समय से नशे के कारोबार में संलिप्त थी।
बीकानेर एमडीएमए तस्करी मामला में पुलिस ने आरोपी महिला को मौके से गिरफ्तार कर लिया है और उसके खिलाफ मादक पदार्थ अधिनियम के तहत मामला दर्ज किया गया है। पुलिस अब यह जांच कर रही है कि महिला नशे की यह खेप कहां से लाती थी और किन-किन लोगों तक इसकी सप्लाई की जा रही थी। आशंका जताई जा रही है कि इसके पीछे एक संगठित नेटवर्क सक्रिय हो सकता है।
इस कार्रवाई को अंजाम देने वाली पुलिस टीम में उपनिरीक्षक सुभाष, शारदा, सहायक उपनिरीक्षक झंवरलाल, हेड कांस्टेबल मुकेश, महिला कांस्टेबल अर्चना और अनुराधा, कांस्टेबल ईमीचंद, हरफूल और सत्यपाल शामिल रहे। पुलिस अधिकारियों ने बताया कि इस पूरी कार्रवाई में कांस्टेबल हरफूल की भूमिका विशेष रूप से अहम रही।
पुलिस प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि नशे के कारोबार में लिप्त किसी भी व्यक्ति को बख्शा नहीं जाएगा। शहर में अवैध मादक पदार्थों की बिक्री और तस्करी पर रोक लगाने के लिए लगातार सघन अभियान चलाया जा रहा है। आमजन से भी अपील की गई है कि यदि कहीं नशे से जुड़ी कोई गतिविधि नजर आए तो तुरंत पुलिस को सूचना दें।
बीकानेर एमडीएमए तस्करी मामला ने यह संकेत दिया है कि नशे के खिलाफ कार्रवाई और तेज की जाएगी, ताकि युवाओं को इस घातक लत से बचाया जा सके।


