Home बिजनेस श्रीगंगानगर में पेट्रोल 40 पैसे महंगा होकर 101.22 रुपए हुआ, गहलोत बोले-...

श्रीगंगानगर में पेट्रोल 40 पैसे महंगा होकर 101.22 रुपए हुआ, गहलोत बोले- मोदी सरकार की गलत नीतियों से जनता त्रस्त

0
श्रीगंगानगर में पेट्रोल 40 पैसे महंगा होकर 101.22 रुपए हुआ, गहलोत बोले- मोदी सरकार की गलत नीतियों से जनता त्रस्त

पेट्रोल-डीजल के रोज बढ़ते दामों को लेकर राजस्थान के मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने मोदी सरकार को घेरा है. उन्होंने सोशल मीडिया पर कहा कि पेट्रोल-डीजल की कीमतों से आमजन त्रस्त है. पिछले 11 दिनों से लगातार दाम बढ़ रहे हैं. यह मोदी सरकार की गलत आर्थिक नीतियों का नतीजा है.

श्रीगंगानगर/जयपुर. श्रीगंगानगर देश का पहला शहर है, जहां पर पेट्रोल 100 रुपए प्रति लीटर से अधिक दाम पर बिक रहा है. यहां पर शनिवार को पेट्रोल और डीजल के दाम प्रति लीटर 40 पैसे मंहगा हो गया. इसके साथ ही पेट्रोल अब यहां पर 101.22 रुपए प्रति लीटर पर बिक रहा है. पेट्रोलियम पदार्थों में लगातार 11 दिन से हो रही बढ़ोत्तरी को लेकर राजस्थान के CM अशोक गहलोत ने मोदी सरकार को घेरा है.

गहलोत ने सोशल मीडिया पर लिखा कि पेट्रोल-डीजल की कीमतों से आमजन त्रस्त है. पिछले 11 दिनों से लगातार दाम बढ़ रहे हैं. यह मोदी सरकार की गलत आर्थिक नीतियों का नतीजा है. अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतें फिलहाल UPA के समय से आधी हैं, लेकिन पेट्रोल-डीजल की कीमतें अब तक के सर्वोच्च स्तर पर पहुंच गई हैं.

बता दें कि श्रीगंगानगर में पेट्रोल-डीजल के दामों में शनिवार को 40 पैसे बढ़ोत्तरी हुई, जिसके बाद पेट्रोल के 1 लीटर का भाव दाम बढ़कर पहुंचे 101.22 पर और प्रीमियम पेट्रोल के दाम बढ़कर 104 हो गए हैं. ऐसे ही डीजल 93.23 रुपए और टर्बो डीजल 96.90 प्रति लीर हो गया है.

गहलोत ने कहा कि मोदी सरकार पेट्रोल पर 32.90 रुपये एवं डीजल पर 31.80 रुपये प्रति लीटर एक्साइज ड्यूटी लगाती है. जबकि 2014 में यूपीए सरकार के समय पेट्रोल पर सिर्फ 9.20 रुपये एवं डीजल पर महज 3.46 रुपये एक्साइज ड्यूटी थी. मोदी सरकार को आमजन के हित में अविलंब एक्साइज ड्यूटी घटानी चाहिए.मोदी सरकार ने राज्यों के हिस्से वाली बेसिक एक्साइज ड्यूटी को लगातार घटाया है और अपना खजाना भरने के लिए केवल केन्द्र के हिस्से वाली एडिशनल एक्साइज ड्यूटी एवं स्पेशल एक्साइज ड्यूटी को लगातार बढ़ाया है. इससे अपने आर्थिक संसाधन जुटाने के लिए राज्य सरकारों को वैट बढ़ाना पड़ रहा है.
कोविड के कारण प्रदेश की अर्थव्यवस्था पर बुरा असर पड़ा है एवं राज्य का राजस्व घटा है. लेकिन आमजन को राहत देने के लिए प्रदेश सरकार ने पिछले महीने ही वैट में 2% की कटौती की है.

मोदी सरकार ऐसी कोई राहत देने की बजाय पेट्रोल-डीजल की कीमतें रोज बढ़ा रही है. कुछ लोग अफवाह फैलाते हैं कि राजस्थान सरकार पेट्रोल पर सबसे अधिक टैक्स लगाती है इसलिए यहां कीमतें ज्यादा हैं. भाजपा शासित मध्य प्रदेश में पेट्रोल पर राजस्थान से ज्यादा टैक्स लगता है इसीलिए जयपुर में पेट्रोल की कीमत भोपाल से कम है.

- Advertisement -
- Advertisement -
- Advertisement -
- Advertisement -
- Advertisement -

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here