बैंक अकाउंट में है Zero Balance, फिर भी इमरजेंसी में निकाल सकते हैं पैसा! जानें कैसे

अगर आपका बैंक अकाउंट है, तो आपको फ्री ओवरड्राफ्ट (Overdraft) सुविधा का फायदा उठा कर पैसे निकाल सकते हैं. ज्यादातर लोगों को इस खास सुविधा के बारे में नहीं पता होता, अगर पता है भी तो इसे इस्तेमाल करने का तरीका नहीं मालूम. आइए बताते हैं इसके बारे में सबकुछ

बैंक अकाउंट में है Zero Balance, फिर भी इमरजेंसी में निकाल सकते हैं पैसा! जानें कैसे
07 ..............................
5
width="300px" M24C01D20S21 width="220px" M26C01D20S21 width="220px" width="220px"

कई बार अचानक कोई इमरजेंसी आ जाए और ऐसे में आपको पैसे की जरूरत पड़े, तो आप क्या करेंगे. आमतौर ऐसे में लोग दोस्तों, रिश्तेदारों से पैसे उधार लेते हैं. लेकिन आपको ऐसा करने की कोई जरूरत नहीं है. अगर आपका बैंक अकाउंट है, तो आपको फ्री ओवरड्राफ्ट (Overdraft) सुविधा का फायदा उठा कर पैसे निकाल सकते हैं. ज्यादातर लोगों को इस खास सुविधा के बारे में नहीं पता होता, अगर पता है भी तो इसे इस्तेमाल करने का तरीका नहीं मालूम. हम आपको बताने जा रहे हैं बैंकों की Overdraft सुविधा के बारे में जिससे अचानक आई पैसों की जरूरत को पूरा किया जा सकता है. 

क्या होती है Overdraft सुविधा 

दरअसल, ओवरड्राफ्ट सुविधा एक शॉर्ट टर्म कर्ज (Short term loan) की तरह ही है. जिसके जरिए खाताधारक तब भी अपने अकाउंट से पैसे निकाल सकता है, जब उसके खाते में पैसे नहीं हों या बिल्कुल ही जीरो बैलेंस हो. लगभग सभी सरकारी और प्राइवेट बैंकों में ओवरड्राफ्ट सुविधा मिलती है. ज्यादातर बैंकों में ये सुविधा करंट अकाउंट, सैलरी अकाउंट या फिक्स्ड डिपॉजिट पर मिलती है. कुछ बैंकों में शेयर, बॉन्ड, सैलरी, इंश्योरेंस पॉलिसी, घर, संपत्ति जैसी चीजों पर भी ओवरड्राफ्ट मिलता है. 

पहले से तय होती है लिमिट

आमतौर पर बैंक अपने ग्राहकों को मैसेज या ई-मेल के जरिए इस बारे में सूचित करता रहता है कि वो ओवरड्राफ्ट की सुविधा को ले सकता है. बैंक की ओर से इस ओवरड्राफ्ट की लिमिट पहले से तय होती है. सैलरी ओवरड्राफ्ट की यह सुविधा तब काफी काम आती है जब अचानक ही कोई खर्च आ जाए. अगर आपकी EMI, SIP या कोई चेक लगा हुआ है तो इसके बाउंस होने के चांस भी रहते हैं. लेकिन ओवरड्राफ्ट की सुविधा लेने पर इस दुविधा से बचा जा सकता है. 

ओवरड्राफ्ट लेने की प्रक्रिया 

इमरजेंसी के वक्त अगर कैश की जरूरत हो तो बैंक में इसके लिए अप्लाई करना होता है, ठीक वैसे ही जैसे किसी दूसरे लोन के लिए करते हैं. मगल सैलेरी और करंट अकाउंट वालों को थोड़ी आसानी होती है. ओवरड्राफ्ट के तहत आपको बैंक से जरूरत के समय पैसा मिल जाएगा, चूंकि ये एक कर्ज ही तो आपको बाद में चुकाना होगा और इस पर ब्याज भी देना होगा. 

कितना मिलेगा ओवरड्राफ्ट 

ओवरड्राफ्ट पर कितना ब्याज लिया जाएगा और कितनी राशि दी जाएगी, ये इस बात पर निर्भर करता है कि आप कोलैटरल या गिरवी के रूप में क्या रख रहे हैं. ओवरड्राफ्ट के लिए बैंक के सामने कुछ न कुछ आपको गिरवी रखना होगा. जैसे फिक्स्ड डिपॉजिट, बॉन्ड या शेयर. इसी हिसाब से कैश की लिमिट कम-ज्यादा हो सकती है. जैसे अगर बैंक में आपकी 2 लाख रुपये की एफडी है तो आपको तकरीबन 1.50 लाख रुपये तक का ओवरड्राफ्ट मिल सकता है. शेयर, बॉन्ड और डिबेंचर के मामले में ये राशि कम या ज्यादा हो सकती है.

जान लें ये शर्त

ओवरड्राफ्ट फैसेलिटी को ज्‍वाइंट में भी लिया जा सकता है. ऐसे में पैसे चुकाने की जिम्मेदारी दोनों की होगी. वहीं अगर कोई एक अमाउंट को नहीं चुका पाता है तो दूसरे को पूरा अमाउंट चुकाना होगा. वहीं गिरवी रखी गई चीजों पर रिस्‍क होगा. अगर आप ओवरड्राफ्ट नहीं चुका पाते हैं तो आपके द्वारा गिरवी रखी गई चीजों से इसकी भरपाई होगी. लेकिन अगर ओवरड्राफ्टेड अमाउंट गिरवी रखी गई चीजों की वैल्यु से ज्यादा है तो बाकी के पैसे आपको चुकाने होंगे.

आम तौर पर बैंक आपकी सैलरी अकाउंट के बदले भी ओवरड्राफ्ट देते हैं. यह सैलरी का 2 से 3 गुना रकम हो सकती है. इस तरह के ओवरड्राफ्ट सुविधा के लिए आपका सैलरी अकाउंट उसी बैंक में होना चाहिए. जिससे आप ओवरड्राफ्ट लेना चाहते हैं. जैसे अगर आपका SBI में सैलरी अकाउंट है, तो ओवरड्राफ्ट के लिए कम से कम 6 रेगुलर सैलरी अकाउंट में क्रेडिट होनी जरूरी है. वहीं, अगर आपका SBI में FD है तो आप उस पर 5 करोड़ रुपये तक ओवरड्राफ्ट ले सकते हैं.

.

.

.

Many times an emergency comes suddenly and in such a situation you need money, what will you do? Usually in such a situation people borrow money from friends, relatives. But you don't need to do that. If you have a bank account, then you can withdraw money by taking advantage of the free overdraft facility. Most people would not have known about this special feature, even if they do, they do not know how to use it. We are going to tell you about the overdraft facility of banks, which can meet the need of sudden money.

What is Overdraft facility

Actually, the overdraft facility is similar to a short term loan. Through which the account holder can withdraw money from his account even when there is no money in his account or there is absolutely zero balance. Overdraft facility is available in almost all government and private banks. In most banks, this facility is available on current account, salary account or fixed deposit. In some banks, overdraft is also available on things like shares, bonds, salary, insurance policy, house, property.


pre-determined limit

Usually, the bank keeps informing its customers through messages or e-mails that they can take the facility of overdraft. The limit of this overdraft is already decided by the bank. This facility of salary overdraft is very useful when there is a sudden expenditure. If your EMI, SIP or any check is attached, then there are chances of it getting bounced. But this dilemma can be avoided by availing the facility of overdraft.

overdraft process

If there is a need for cash at the time of emergency, then you have to apply for it in the bank, just like you do for any other loan. Those with muggle salary and current account have some ease. Under overdraft, you will get money from the bank at the time of need, since it is only a loan that you will have to repay later and will also have to pay interest on it.

How much will you get overdraft

How much interest will be charged on the overdraft and the amount will be given, it depends on what you are keeping as collateral or mortgage. For overdraft, you have to pledge something in front of the bank. Like fixed deposits, bonds or shares. Accordingly, the limit of cash can be increased or decreased. For example, if you have an FD of Rs 2 lakh in the bank, then you can get an overdraft of up to Rs 1.50 lakh. This amount can be more or less in case of shares, bonds and debentures.


know this condition

Overdraft facility can be availed in a joint also. In such a situation, it will be the responsibility of both of them to pay the money. On the other hand, if one is not able to pay one amount, then the other will have to pay the full amount. There will be risk on the things pledged. If you are not able to pay the overdraft, then it will be reimbursed by the things pledged by you. But if the overdrafted amount is more than the value of the things pledged, then you will have to pay the remaining amount.


Generally, banks also give overdraft against your salary account. This can be 2 to 3 times the salary. For this type of overdraft facility, your salary account should be in the same bank. From which you want to take overdraft. For example, if you have a salary account with SBI, then it is necessary to have credit in at least 6 regular salary accounts for overdraft. At the same time, if you have an FD in SBI, then you can take an overdraft up to Rs 5 crore on it.